
सूचना अधिकार में जानकारी देने से बच रहे अधिकारी, आवास शाखा में व्यापक रूप से भ्रष्टाचार
रायगढ़ जनपद पंचायत की आवास शाखा एक बार फिर सवालों के घेरे में है। सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत मांगी गई जानकारी में अधिकारियों द्वारा भ्रामक जानकारी दिए जाने से पारदर्शिता पर गंभीर प्रश्न उठ रहे हैं। आवेदक द्वारा मांगी गई बिल, वाउचर और कैश बुक से संबंधित जानकारी में भारी असंगति सामने आ रही है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बिल में दर्शाई गई राशि और कैश बुक के संधारण में मेल नहीं पाया जा रहा है। वहीं, कैश बुक का रख-रखाव भी नियमानुसार नहीं किया गया है, जिससे वित्तीय अनियमितताओं की आशंका और गहरी हो गई है साथ ही साथ आडिट पर भी सवाल खड़ा होता है कि संधारित केश बुक एवं बिल का मैच नहीं होने पर भी आखिर आडिट आपत्ति क्यों नहीं या फिर
जानकारी छुपाने की कोशिश यह संकेत देती है कि कहीं न कहीं बड़े स्तर पर गड़बड़ी को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। यदि समय रहते मामले की निष्पक्ष जांच नहीं होती है, तो यह भ्रष्टाचार का बड़ा मामला बन सकता है।
अब देखना यह होगा कि संबंधित विभाग इस मामले को गंभीरता से लेते हुए पारदर्शिता सुनिश्चित करता है या फिर मामले को दबाने की कोशिश जारी रहती है
आखिर आवास शाखा में चल क्या रहा है
भ्रष्टाचार राशि का बंदरबांट तभी तो आधे अधूरे जानकारी देकर गुमराह करने का प्रयास किया जा रहा जबकि अंदर खाने नीचे से ऊपर तक कमीशन का खेल चल रहा है